साल 2025 बिहार के इतिहास में एक ऐसा साल बनकर उभरा है जिसने राज्य की पुरानी छवि को पूरी तरह बदल दिया है। बुनियादी ढांचे (Infrastructure) से लेकर टेक्नोलॉजी और महिला सशक्तिकरण तक, बिहार ने हर क्षेत्र में लंबी छलांग लगाई है। ‘विकास के साथ न्याय’ के मंत्र को साकार करते हुए, यहाँ हम आपको बता रहे हैं बिहार की वो 10 बड़ी उपलब्धियां जिन्होंने 2025 में सुर्खियां बटोरीं।

1. नीतीश कुमार का ऐतिहासिक 10वां कार्यकाल और वर्ल्ड रिकॉर्ड
2025 की शुरुआत में ही बिहार ने राजनीतिक स्थिरता का बड़ा संदेश दिया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने रिकॉर्ड 10वीं बार राज्य की कमान संभाली । इस उपलब्धि को ‘वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, लंदन’ ने वैश्विक लोकतांत्रिक इतिहास में एक असाधारण मील का पत्थर माना है । नई सरकार ने अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को रोजगार देने का संकल्प भी लिया है ।
2. औंटा-सिमरिया 6-लेन गंगा पुल का उद्घाटन
अगस्त 2025 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गंगा नदी पर बने औंटा-सिमरिया 6-लेन पुल का उद्घाटन किया । ₹1,870 करोड़ की लागत से बना यह पुल एशिया की सबसे चौड़ी केबल-स्टेड संरचनाओं में से एक है । यह पुल मोकामा और बेगूसराय को जोड़ता है, जिससे उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच की दूरी काफी कम हो गई है ।
3. बिहार AI मिशन और सेमीकंडक्टर हब
बिहार अब केवल खेती तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश का अगला ‘AI हब’ बनने की राह पर है । 2025 में ‘बिहार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस मिशन’ शुरू किया गया, जिसके तहत पटना, गया और राजगीर में टेक्नोलॉजी क्लस्टर बनाए जा रहे हैं । इसके साथ ही, सेमीकंडक्टर निर्माण के लिए भी राज्य ने बड़ी पहल की है ।
4. पूर्णिया एयरपोर्ट: सीमांचल के लिए नई उड़ान
दशकों का इंतजार खत्म करते हुए, सितंबर 2025 में पूर्णिया एयरपोर्ट पर वाणिज्यिक उड़ानों के लिए अंतरिम टर्मिनल का उद्घाटन किया गया । यह बिहार के सीमांचल और कोसी क्षेत्र के लोगों के लिए वरदान साबित हो रहा है, जिससे दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों तक पहुंच अब आसान हो गई है ।
5. राष्ट्रीय मखाना बोर्ड की स्थापना
बिहार दुनिया के 90% मखाना का उत्पादन करता है, और 2025 में पूर्णिया में ‘राष्ट्रीय मखाना बोर्ड’ की स्थापना इस क्षेत्र के लिए सबसे बड़ी खबर रही । ₹476 करोड़ के पैकेज के साथ यह बोर्ड अब मखाना की ब्रांडिंग और इसके निर्यात (Export) को ग्लोबल लेवल पर ले जा रहा है ।
6. ₹50 लाख करोड़ का औद्योगिक निवेश प्लान
मुख्यमंत्री ने बिहार को पूर्वी भारत का औद्योगिक केंद्र बनाने के लिए ₹50 लाख करोड़ के निवेश का लक्ष्य रखा है । 2025 में भागलपुर के पीरपैंती में ₹25,000 करोड़ का निजी निवेश (Thermal Power Project) बिहार के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा निवेश बना ।
7. मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना (MMRY)
महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में बिहार ने एक नया मानक तय किया है। सितंबर 2025 में, 75 लाख महिलाओं के बैंक खातों में ₹10,000 की बीज राशि (Seed Money) सीधे ट्रांसफर की गई । इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को छोटे व्यवसाय शुरू करने के लिए आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाना है ।
8. Dr. A. P. J. Abdul Kalam Science City , पटना
पटना में ₹889 करोड़ की लागत से बनी अत्याधुनिक साइंस सिटी का उद्घाटन सितंबर 2025 में किया गया । यह साइंस सिटी 21 एकड़ में फैली है और इसमें 269 से अधिक इंटरैक्टिव गैलरीज हैं, जो बिहार के छात्रों में वैज्ञानिक सोच विकसित करने का बड़ा केंद्र बन गई है ।
9. राजकोषीय अनुशासन (Fiscal Health) में सुधार
नीति आयोग के ‘राजकोषीय स्वास्थ्य सूचकांक 2025’ में बिहार ने सबको चौंका दिया। बिहार ने 18 प्रमुख राज्यों में 13वां स्थान हासिल किया और राजकोषीय अनुशासन के मामले में पंजाब, हरियाणा और आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों को पीछे छोड़ दिया । यह दिखाता है कि राज्य का आर्थिक प्रबंधन अब बहुत मजबूत हो चुका है ।
10. पद्म पुरस्कार और ग्लोबल पहचान
2025 में बिहार की 7 हस्तियों को पद्म पुरस्कारों से नवाजा गया। ‘बिहार कोकिला’ शारदा सिन्हा को मरणोपरांत पद्म विभूषण मिलना पूरे राज्य के लिए गर्व की बात रही । इसके अलावा, चंपारण के 18 वर्षीय आदर्श कुमार ‘ग्लोबल स्टूडेंट प्राइज 2025’ के टॉप 10 फाइनलिस्ट में जगह बनाने वाले एकमात्र भारतीय बने ।
बिहार की सबसे बड़ी उपलब्धियां 2025
साल 2025 बिहार के लिए ‘आत्मनिर्भरता’ और ‘आधुनिकता’ का साल रहा है। चाहे वह गंगा पर बने महासेतु हों या बिहार का अपना AI मिशन, राज्य अब विकास की रेस में तेजी से दौड़ रहा है। यह उपलब्धियां साबित करती हैं कि बिहार अब बदलाव के लिए तैयार है।
















