Mobile Only Menu
  • Home
  • ब्लॉग
  • राजेंद्र स्टेडियम कटिहार: बदलेगी सीमांचल के खेल और खिलाड़ियों की किस्मत,जानें कायाकल्प की पूरी योजना
राजेंद्र स्टेडियम कटिहार

राजेंद्र स्टेडियम कटिहार: बदलेगी सीमांचल के खेल और खिलाड़ियों की किस्मत,जानें कायाकल्प की पूरी योजना

बिहार के सीमांचल क्षेत्र का प्रमुख जिला कटिहार, जो अपनी जूट की खेती और व्यस्त रेलवे जंक्शन के लिए मशहूर है, अब अपनी एक नई पहचान “स्पोर्ट्स हब” के रूप में बनाने जा रहा है। इस पहचान का केंद्र है शहर के बीचों-बीच स्थित ‘राजेंद्र स्टेडियम’। यह मैदान केवल मिट्टी का एक टुकड़ा नहीं है, बल्कि कटिहार और आसपास के जिलों के हजारों युवाओं के सपनों की कर्मभूमि है।

वर्तमान में यह स्टेडियम एक ऐतिहासिक बदलाव के दौर से गुजर रहा है। बिहार सरकार ने लगभग 28.31 करोड़ रुपये की लागत से इसके पुनर्विकास की योजना शुरू की है, जो आने वाले समय में यहाँ के खेल परिदृश्य को पूरी तरह बदल देगी ।

राजेंद्र स्टेडियम का इतिहास और महत्व

भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद के नाम पर समर्पित इस स्टेडियम की स्थापना वर्ष 1963 में हुई थी । दशकों से यह मैदान कटिहार नगर निगम के अधीन रहा है । साल 2000 के आसपास तत्कालीन सांसद निखिल कुमार चौधरी और तत्कालीन जिलाधिकारी प्रत्यय अमृत के प्रयासों से इसके सौंदर्यीकरण के लिए करीब 45 लाख रुपये खर्च किए गए थे ।   

लगभग 3.2 से 4.79 एकड़ में फैले इस स्टेडियम की क्षमता 15,000 दर्शकों की है । यह मैदान फुटबॉल के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध रहा है और स्थानीय टीम ‘आरके स्टील एफसी’ (RK Steel FC) के मैचों के दौरान यहाँ 10,000 से भी अधिक की भीड़ उमड़ती रही है ।

राजेंद्र स्टेडियम कटिहार
AI Image

क्यों पड़ी पुनर्निर्माण की जरूरत?

पिछले कुछ वर्षों में उचित रखरखाव न होने के कारण स्टेडियम की स्थिति काफी खराब हो गई थी। खिलाड़ियों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था:

  • मैदान की बदहाली: मैदान की सतह ऊबड़-खाबड़ हो गई थी, जिससे खिलाड़ियों को चोट लगने का डर रहता था ।
  • सुविधाओं का अभाव: यहाँ शौचालय और पीने के पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी थी। खासकर महिला अभ्यर्थियों को अभ्यास के दौरान शौचालय न होने से काफी परेशानी होती थी ।
  • सुरक्षा और चोरी: स्टेडियम में लगाई गई 3,000 से अधिक कुर्सियां या तो टूट गई थीं या चोरी हो गई थीं ।   

28.31 करोड़ का नया प्रोजेक्ट: क्या-क्या बदलेगा?

बिहार राज्य भवन निर्माण निगम (BSBCCL) अब ‘ईपीसी’ (EPC) मोड में इसका कायाकल्प कर रहा है । इस नए प्रोजेक्ट के तहत राजेंद्र स्टेडियम को एक “मल्टी-पर्पस स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स” के रूप में विकसित किया जा रहा है ।

आगामी अत्याधुनिक सुविधाएं:

  1. अत्याधुनिक फुटबॉल ग्राउंड: अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार 105 मीटर लंबा और 68 मीटर चौड़ा फुटबॉल मैदान बनाया जाएगा, जिसमें आधुनिक ड्रेनेज सिस्टम और नेचुरल घास होगी ।
  2. इनडोर स्पोर्ट्स हॉल: एक विशाल दो मंजिला इनडोर हॉल बनेगा जहाँ बैडमिंटन, टेबल टेनिस, बास्केटबॉल, कबड्डी और बॉक्सिंग सहित 16 से 17 प्रकार के खेलों की सुविधा होगी ।
  3. नया पवेलियन और एडमिन ब्लॉक: दर्शकों के बैठने के लिए 800 की क्षमता वाला नया पवेलियन और एक प्रशासनिक भवन बनाया जाएगा ।   
  4. अन्य सुविधाएं: परिसर के अंदर कार और बाइक पार्किंग, खिलाड़ियों के लिए अत्याधुनिक चेंजिंग रूम और 540 नई कुर्सियों का प्रावधान किया गया है ।

युवाओं के लिए “वर्दी का रास्ता” राजेंद्र स्टेडियम कटिहार

राजेंद्र स्टेडियम का एक सबसे महत्वपूर्ण पहलू यह है कि यह भर्ती प्रशिक्षण का मुख्य केंद्र है। हर सुबह और शाम यहाँ सैकड़ों युवक-युवतियां भारतीय सेना, बिहार पुलिस, रेलवे (RPF) और अर्धसैनिक बलों (BSF, CISF) में भर्ती होने के लिए पसीना बहाते हैं । युवाओं की टोलियां यहाँ दौड़, हाई जंप, लॉन्ग जंप और गोला फेंक (Shot Put) का कड़ा अभ्यास करती हैं। यहाँ से ट्रेनिंग लेकर कई युवा पहले ही विभिन्न सेवाओं में चयनित हो चुके हैं ।

राजनीति और संस्कृति का संगम

खेलों के अलावा यह स्टेडियम कटिहार की सामाजिक-राजनीतिक गतिविधियों का भी गवाह रहा है:

  • राजनीतिक रैलियां: यहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह और मल्लिकार्जुन खड़गे जैसी बड़ी हस्तियों की विशाल जनसभाएं हो चुकी हैं ।
  • सांस्कृतिक कार्यक्रम: हर साल यहाँ ‘कटिहार महोत्सव’ और ‘बिहार दिवस’ के मौके पर बड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होते हैं, जिनमें मैथिली ठाकुर जैसे नामचीन कलाकार अपनी प्रस्तुति देते हैं ।

Releated Posts

बिहार ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) पॉलिसी 2026: अब बिहार बनेगा नया IT हब, युवाओं के लिए खुलेंगे नौकरियों के द्वार!

29 जनवरी 2026 का दिन बिहार के औद्योगिक विकास के लिए एक ऐतिहासिक मोड़ साबित हुआ। मुख्यमंत्री नीतीश…

ByByPrachi Singh Feb 9, 2026

मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना 2026: बिहार के युवाओं को मिल रहे ₹1000 हर महीने, जानें पूरी जानकारी

बिहार सरकार ने राज्य के युवाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और हुनरमंद बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण…

ByByManvinder Mishra Feb 8, 2026

बिहार की बेटी अनु कुमारी: संघर्ष से विश्व विजेता बनने और 23.43 लाख का इनाम पाने की पूरी कहानी

बिहार की मिट्टी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि अगर इरादे बुलंद हों, तो कोई…

ByByHarshvardhan Feb 7, 2026

मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना: ₹50,000 के लिए 15 फरवरी तक करें आवेदन, जानें स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस

बिहार सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी योजनाओं में से एक, मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना (MKUY), राज्य की बेटियों के…

ByByPrachi Singh Feb 5, 2026

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top